यात्रियों को नहीं रहा रेलवे पर भरोसा, टिकट खरीदने और रिफंड लेने में बीत गया समय, अब तक सफर अधूरा

Indian Railway Rule: Know what are the rules of chain pulling, do not make this mistake during travel...

रायपुर। रेलवे लगातार दो महीने से कोयला संकट का हवाला देते हुए महत्वपूर्ण यात्री ट्रेनों का परिचालन रोककर रखा है। इस वजह से ट्रेनों में भारी भीड़ और लेटलतीफी के बीच यात्रियों किया सफर करना पड़ रहा है। महंगा किराया देने के बावजूद ट्रेन में सफर करना मुश्किल हो गया है। रेलवे द्वारा तीसरी बार 34 रद्द ट्रेनों की अवधि एक महीने और आगे बढ़ाने के बाद मंगलवार को रेलवे स्टेशन में यात्रियों के चेहरे पर ट्रेन रद्द होने की चिंता साफ नजर आ रही थी। रेलवे ने बीती शाम ट्रेन रद्द का आदेश निकाला था, लेकिन यात्रियों को यह संदेश मोबाइल पर सुबह तक पहुंचा। जिस भी यात्री ने ट्रेन रद्द होने की खबर पढ़ा, परेशान होकर अपना सिर पकड़ लिया।

READ MORE : RAIPUR NEWS : रेलवे स्टेशन में अधिकृत वेंडर ही अवैध तरीके कर रहे धंधा, अधिकारियों से सांठगांठ ! कार्यवाही के बाद भी हौसले बुलंद

तुरंत भागते दौड़ते काउंटर से टिकट खरीदने वाले यात्री पैसा रिफंड लेने रेलवे आरक्षण भवन पहुंचे जहां सुबह से ही लंबी लाइन लगी हुई थी। ट्रेन रद्द होने के बाद यात्रियों की दूसरी बड़ी समस्या अन्य ट्रेनों में निर्धारित तारीख में सफर करना रहा है। कई यात्रियों काउंटर से 25 मई के लिए वेटिंग टिकट खरीदा। इस वक्त सभी ट्रेन पैक चल रही है। ऐसे में कंफर्म टिकट का मिलना मुश्किल है। आरक्षण भवन में दिनभर यात्रियों पैसा रिफंड लेने का सिलसिला जारी रहा।

READ MORE : BREAKING RAIPUR : ट्रेन रद्द होते ही रेलवे स्टेशन में पैसा रिफंड लेने उमड़ी भीड़, यात्रियों को सफर करने नहीं मिल रही अब दूसरी ट्रेन

लगातार ट्रेन रद्द किए जाने से यात्री रेलवे के त्रस्त हो चुके है। अब उनका रेलवे से भरोसा ही उठ गया है। मंगलवार को रिफंड देने पहुंचे यात्रियों में रेलवे को लेकर गुस्सा नजर गया। हर कोई जनविरोधी फैसले को लेकर रेलवे को कोसता हुआ नजर आया। जानकारी मुताबिक दिनभर में 1200 से अधिक यात्रियों ने रद्द होने बाद रिफंड लेने को पहुंचे। इसमें ज्यादातर वही यात्री रहे जिनकी 25 मई को ट्रेन थी। स्टेशन में ऐसे कई यात्री पहुंचे थे, जाे तीसरी बार रिफंड लेने पहुंचे थे। यात्री धर्मेंद्र बंजारे ने बताया, मजदूरी करने पत्नी के साथ पूरी जाने पूरी-एलटीटी में टिकट खरीदा था, लेकिन तीसरी बार भी ट्रेन रद्द होने से सफर अधूरा ही रहा। उनका कहना है, इससे पहले भी दो बार टिकट खरीदा था, जिसे रेलवे ने रद्द कर दिया था। तीसरी बार रिफंड लेने को पहुंचा। ट्रेन में भीड़ होने से कंफर्म टिकट खरीदने के लिए तीन बार 15 से 20 दिन पहले ट्रेन टिकट खरीदा वह भी रद्द हो गया।

READ MORE : Railway Govt Job : 10 वी पास बिना परीक्षा पा सकते हैं रेलवे में नौकरी, ऐसे करें अप्लाई

कोयला परिचालन बढ़ने के बाद आरक्षण भवन में 50 प्रतिशत टिकट खरीदने वाले यात्री केवल टिकट खरीदने और रिफंड लेने तक ही सीमित रह गए है अभी तक सफर ही नहीं किया है। तत्काल टिकट खरीदने वाले ही केवल संतुष्ट है, लेकिन कंफर्म टिकट खरीदने वालों की ज्यादातर ट्रेन रेलवे रद्द कर दिया है। 34 ट्रेन के रद्द होने स्लीपर और एसी कोच बड़ी संख्या में यात्रियों ने वेटिंग टिकट खरीदा।रिफंड लेने पहुंचे ज्यादातर यात्रियों का यही कहना है, रेलवे जिस ट्रेन को रद्द करना चाहता है उसकी टिकट ना बेचे। यात्री पूरी तैयारी के साथ ट्रेन की टिकट खरीदता है और रेलवे एन टाइम में रद्द कर समस्या बढ़ा देता है। कांउटर से टिकट खरीदने वाले यात्री बीते दो महीने से ट्रेन रद्द के चलते परेशान है।

Leave a Comment